पालघर जिले के बोईसर स्थित तारापुर MIDC में एक बार फिर खतरनाक केमिकल गैस लीक की घटना सामने आई है। आरती फार्मा लैब कंपनी में देर रात डाय मिथाइल सल्फेट (DMS) गैस लीक होने से 19 मजदूर प्रभावित हो गए।
🚨 अस्पताल में भर्ती, कुछ की हालत गंभीर
गैस के संपर्क में आए मजदूरों को तुरंत बोईसर के लाइफ लाइन्स अस्पताल में भर्ती कराया गया, जहां उनका इलाज जारी है।
सूत्रों के अनुसार, कुछ मजदूरों की हालत गंभीर बताई जा रही है।
⚠️ कंपनी पर मामला दबाने का आरोप
इस घटना के बाद यह आरोप भी सामने आया है कि कंपनी प्रशासन ने गैस लीक की घटना को दबाने की कोशिश की।
जिससे स्थानीय स्तर पर आक्रोश बढ़ता जा रहा है।
🏭 बार-बार हादसे, सुरक्षा पर सवाल
तारापुर MIDC में इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं, जिससे कामगारों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं।
आलोचकों का कहना है कि संबंधित विभागों की लापरवाही के कारण “मजदूरों की जान से खिलवाड़” हो रहा है।
☣️ क्या है DMS गैस? (खतरनाक ‘Silent Killer’)
डाय मिथाइल सल्फेट (DMS) एक बेहद जहरीला रसायन है:
- यह लीक होने पर जहरीली गैस में बदल जाता है
- हवा में फैलकर शरीर में प्रवेश करता है
- आंख, त्वचा और सांस तंत्र को नुकसान पहुंचाता है
- पानी से प्रतिक्रिया कर मेथेनॉल और सल्फ्यूरिक एसिड बना सकता है
- शुरुआती लक्षण कम, लेकिन बाद में गंभीर प्रभाव
👉 इसी कारण इसे “Silent Killer” कहा जाता है.
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