कानपुर: अनवरगंज स्टेशन पर इलेक्ट्रॉनिक इंटरलॉकिंग प्रणाली चालू करने के काम के कारण 31 अक्टूबर से 4 नवंबर के बीच चुनिंदा तारीखों पर ट्रेनों का संचालन बदला गया है। प्रकाशित रेल सूचनाओं के मुताबिक, कुछ गाड़ियां अपने सामान्य अंतिम स्टेशन से पहले समाप्त होंगी, कुछ का प्रस्थान देरी से होगा और कुछ को रास्ते में नियंत्रित किया जाएगा।

मुंबई और पनवेल के यात्रियों के लिए क्या बदलेगा?

गोरखपुर–लोकमान्य तिलक टर्मिनल ट्रेन को 31 अक्टूबर को 50 मिनट नियंत्रित करने की जानकारी है। गोरखपुर–पनवेल सेवा 2 और 3 नवंबर को 50 मिनट नियंत्रित होगी। रास्ते में नियंत्रित करने का मतलब ट्रेन का पूरा फेरा रद्द होना नहीं है; देरी की वास्तविक स्थिति यात्रा के दिन देखनी होगी।

कुछ सेवाएं गोविंदपुरी और रावतपुर तक

झांसी–कानपुर सेंट्रल सेवा 31 अक्टूबर तथा 2 से 4 नवंबर तक गोविंदपुरी पर समाप्त होगी। फर्रुखाबाद–कानपुर अनवरगंज सेवा 31 अक्टूबर तथा 2 और 3 नवंबर को रावतपुर तक आएगी। अनवरगंज–कासगंज सेवा के संचालन में भी रावतपुर से शुरुआत का बदलाव बताया गया है।

3 नवंबर को गोरखपुर–कानपुर अनवरगंज ट्रेन कानपुर सेंट्रल तक आएगी। अगले दिन, 4 नवंबर को वापसी की कानपुर अनवरगंज–गोरखपुर सेवा कानपुर सेंट्रल से शुरू होगी। ऐसे यात्रियों को टिकट पर दर्ज स्टेशन के साथ उस तारीख का अस्थायी प्रस्थान या आगमन स्टेशन भी मिलाना चाहिए।

प्रस्थान में भी देरी का कार्यक्रम

कानपुर सेंट्रल–खजुराहो ट्रेन 31 अक्टूबर तथा 2 और 3 नवंबर को 50 मिनट, जबकि 4 नवंबर को 90 मिनट देरी से चलाने की जानकारी है। कानपुर सेंट्रल–अनवरगंज सेवा इन्हीं पहली तीन तारीखों पर 90 मिनट और 4 नवंबर को तीन घंटे रीशेड्यूल होगी।

लखनऊ–रायपुर सेवा 2 नवंबर को एक घंटे, लखनऊ–नई दिल्ली सेवा 4 नवंबर को 40 मिनट और फर्रुखाबाद–अनवरगंज की एक अन्य सेवा 4 नवंबर को एक घंटे देरी से प्रस्थान करेगी।

हर दिन सभी ट्रेनें प्रभावित नहीं

बदलाव अलग-अलग तारीखों और गाड़ियों के लिए हैं। इसे पूरे रूट के लगातार बंद रहने की सूचना न समझें। स्टेशन के लिए निकलने से पहले NTES और संबंधित रेलवे की ताजा सूचना में अपनी गाड़ी का समय, प्रस्थान स्टेशन और परिचालन स्थिति जांच लें।

यूपी की दूसरी रेल खबर में वाराणसी–नई दिल्ली वंदे भारत स्लीपर की घोषित समय-सारिणी पढ़ सकते हैं। यह अलग सेवा है।