घाटकोपर स्टेशन पर दो मिनट रुकी लोकल ट्रेन, यात्रियों ने जलते बैग को हटाकर पानी से बुझाई आग
मुंबई | मेट्रो सिटी समाचार: मुंबई की लोकल ट्रेन में उस समय अफरा-तफरी मच गई, जब महिला डिब्बे में सफर कर रही एक यात्री के बैग में रखा पॉवर बैंक अचानक फट गया। पॉवर बैंक फटने के बाद बैग में आग लग गई, जिससे डिब्बे में मौजूद महिला यात्रियों में घबराहट फैल गई। स्थिति को देखते हुए यात्रियों ने तत्काल ट्रेन की इमरजेंसी अलार्म चेन (ACP) खींच दी।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह घटना लोकल ट्रेन नंबर DBL-2 के महिला डिब्बे में हुई। अचानक बैग में आग लगने से यात्रियों में हड़कंप मच गया। हालांकि, कुछ यात्रियों ने सूझबूझ दिखाते हुए जलते हुए बैग को हटाया और पानी डालकर आग बुझा दी।
यात्रियों की सतर्कता से आग पर पाया काबू
घटना के दौरान महिला डिब्बे में मौजूद यात्रियों ने तत्काल कदम उठाए। आग फैलने से रोकने के लिए जलते हुए बैग को हटाकर पानी की मदद से आग बुझाई गई। इसके साथ ही यात्रियों ने आपातकालीन अलार्म चेन खींचकर रेलवे प्रशासन को घटना की सूचना दी।
घाटकोपर स्टेशन पर दो मिनट रुकी लोकल ट्रेन
अलार्म चेन खींचे जाने के कारण लोकल ट्रेन को घाटकोपर रेलवे स्टेशन पर कुछ समय के लिए रोकना पड़ा।
उपलब्ध विवरण के मुताबिक, ट्रेन दोपहर 12 बजकर 51 मिनट से 12 बजकर 53 मिनट तक, यानी लगभग दो मिनट स्टेशन पर रुकी रही।
घटना की जानकारी मिलने के बाद रेलवे के TSRT कर्मचारी श्री राहुल ने अलार्म चेन प्रणाली (ACP) को रीसेट किया और मौके की तस्वीरें भी लीं। हालांकि, उपलब्ध रिपोर्ट के अनुसार संबंधित महिला यात्री का नाम और अन्य विवरण दर्ज नहीं किया गया।
पॉवर बैंक फटने की वजह स्पष्ट नहीं
फिलहाल पॉवर बैंक फटने की वास्तविक वजह स्पष्ट नहीं हो सकी है। यह तकनीकी खराबी, बैटरी की समस्या या किसी अन्य कारण से हुआ, इसकी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
प्राप्त जानकारी में किसी यात्री के घायल होने का उल्लेख नहीं है। हालांकि, रेलवे प्रशासन की ओर से घटना में किसी के घायल नहीं होने की अलग से पुष्टि उपलब्ध नहीं है।
लोकल ट्रेनों में इलेक्ट्रॉनिक उपकरणों की सुरक्षा पर सवाल
मुंबई लोकल में प्रतिदिन बड़ी संख्या में यात्री सफर करते हैं। ऐसे में भीड़भाड़ वाले डिब्बों में पॉवर बैंक जैसे बैटरी संचालित उपकरणों की सुरक्षा एक महत्वपूर्ण विषय है।
लिथियम-आयन बैटरी वाले उपकरणों में खराबी, आंतरिक शॉर्ट सर्किट या अत्यधिक गर्म होने जैसी स्थितियों में आग लगने का जोखिम हो सकता है। हालांकि, इस घटना में इनमें से कौन-सा कारण जिम्मेदार था, यह स्पष्ट नहीं है।
घटना के बाद यह सवाल भी सामने आता है कि यात्री के विवरण दर्ज नहीं होने की स्थिति में पॉवर बैंक फटने के कारणों की जांच और संबंधित उपकरण की पहचान किस प्रकार की जाएगी।
मेट्रो सिटी समाचार | मुंबई




