भाईंदर: उत्तन इलाके में कथित रूप से चल रही अवैध हाथभट्टी में गैस सिलेंडर फटने से एक युवक की मौत के बाद घटना छिपाने और पुलिस को दूसरी कहानी बताने का आरोप सामने आया है। मीरा-भायंदर क्राइम ब्रांच की जांच के बाद तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। उत्तन सागरी पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ सदोष मनुष्यवध और सबूत नष्ट करने से संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया है। आरोपों का अंतिम निर्णय अदालत में होगा।
पुलिस जांच के अनुसार, सरकारी जमीन पर कथित रूप से चल रही शराब बनाने की इकाई में सेबेस्टियन मेंडोसा, उसके भाई संदीप मेंडोसा और रितु चौधरी काम कर रहे थे। पानी गर्म किए जाने के दौरान गैस सिलेंडर में विस्फोट हुआ। रितु चौधरी गंभीर रूप से झुलस गया और उसकी मौत हो गई, जबकि दोनों भाई भी घायल हुए।
हादसे के बाद कहानी बदलने का आरोप
जांच एजेंसी का आरोप है कि अवैध शराब इकाई सामने आने के डर से मृतक के शव को मजदूरों के एक कमरे में ले जाया गया। वहां डीजल डालकर कमरे में आग लगाने और इसे खाना बनाते समय हुए सिलेंडर विस्फोट की दुर्घटना दिखाने की कोशिश की गई। सेबेस्टियन की पत्नी कैरोल मेंडोसा पर पुलिस को कथित रूप से गलत जानकारी देने का आरोप है। इसी शुरुआती सूचना के आधार पर उत्तन सागरी पुलिस थाने में पहले आकस्मिक मृत्यु की नोंद हुई थी।
घटना के बाद सेबेस्टियन के इगतपुरी चले जाने और संदीप के मुंबई के नायर अस्पताल में इलाज कराने की जानकारी जांच में सामने आई। पुलिस के मुताबिक, अस्पताल में संदीप ने गर्म पानी गिरने से झुलसने की बात कही थी। अलग-अलग बयानों और परिस्थितियों पर संदेह होने के बाद क्राइम ब्रांच ने तकनीकी जांच तथा स्थानीय जानकारी के आधार पर सेबेस्टियन को इगतपुरी से हिरासत में लिया। इसके बाद घटना की दूसरी कड़ियां सामने आने का पुलिस का दावा है।
तीन गिरफ्तार, आगे किन सवालों की जांच?
मामले में सेबेस्टियन, संदीप और कैरोल को गिरफ्तार किए जाने की जानकारी है। जांच में अब कथित हाथभट्टी कब से चल रही थी, जमीन और सामग्री किसने उपलब्ध कराई, सुरक्षा नियमों का उल्लंघन कैसे हुआ और घटना के बाद सबूत मिटाने में क्या किसी अन्य व्यक्ति ने मदद की—इन पहलुओं की पड़ताल अपेक्षित है। पुलिस को विस्फोट, आग और मौत के क्रम की पुष्टि फॉरेंसिक तथा चिकित्सा रिपोर्टों से भी करनी होगी।
यह मामला हत्या का न्यायिक निष्कर्ष नहीं है। फिलहाल दर्ज धाराएं, पुलिस का दावा और गिरफ्तारियां जांच का हिस्सा हैं; दोष सिद्ध होने का निर्णय अदालत करेगी। मीरा-भायंदर क्षेत्र की अन्य हालिया पुलिस कार्रवाई के लिए मेट्रो सिटी समाचार की भाईंदर पूर्व में कथित रैकेट पर कार्रवाई की रिपोर्ट भी पढ़ी जा सकती है।




