वसई-विरार: नालासोपारा में इमारत की आग के बाद महानगरपालिका का अग्निशमन विभाग अब शहर की अन्य सोसायटियों और प्रतिष्ठानों में सुरक्षा इंतजाम पर ध्यान बढ़ाने की तैयारी में है। विभाग के हवाले से सामने आई जानकारी के अनुसार, आवश्यक अग्निसुरक्षा उपाय पूरे नहीं करने वाली इमारतों और अन्य आस्थापनाओं को नोटिस दिए जाएंगे। साथ ही लोगों को उपकरण इस्तेमाल करने की जानकारी देने पर भी जोर रहेगा।
इम्पीरियल हाइट्स की घटना के बाद बढ़ी चिंता
नालासोपारा-वसई लिंक रोड की इम्पीरियल हाइट्स इमारत में आग की घटना में दो महिलाओं की मौत और 13 लोगों के घायल होने की सूचना सामने आई थी। इसके बाद शहर में सुरक्षा व्यवस्था की नियमित जांच का मुद्दा उठा है। नई तैयारी का दायरा एक इमारत तक सीमित रखने के बजाय अन्य सोसायटियों और प्रतिष्ठानों तक बढ़ाने की बात कही गई है।
उपकरण लगे हों तो उनका काम करना भी जरूरी
विभाग की तैयारी में जागरूकता अभियान शामिल है। कई जगह अग्निशमन उपकरण होने के बावजूद लोगों को उनके इस्तेमाल की जानकारी नहीं होती। इसलिए सोसायटी स्तर पर व्यवस्था की जांच के साथ उसके संचालन की जानकारी भी अहम है। नोटिस मिलने पर संबंधित सोसायटी को उसमें बताई गई कमियों और समयसीमा के मुताबिक काम करना होगा।
फॉर्म बी क्या बताता है
महाराष्ट्र अग्निशमन सेवा के आधिकारिक स्पष्टीकरण के अनुसार, फॉर्म बी अग्निरोधक और जीवन सुरक्षा उपायों के रखरखाव तथा उनके ठीक काम करने से जुड़ा छह महीने का प्रमाणपत्र है। इसे लाइसेंस प्राप्त एजेंसी की जांच के आधार पर जनवरी और जुलाई में संबंधित अग्निशमन अधिकारी के पास दिया जाता है।
जनवरी में दिए जाने वाले प्रमाणपत्र का संबंध पिछले जुलाई-दिसंबर के रखरखाव से और जुलाई के प्रमाणपत्र का संबंध जनवरी-जून की अवधि से होता है। केवल फाइल में कागज होना उपकरणों की मौके पर जांच का विकल्प नहीं है।
सोसायटियां किन बातों की जानकारी रखें
प्रबंधन समिति को अपनी एजेंसी का लाइसेंस, पिछली जांच की रिपोर्ट और प्रमाणपत्र की प्रति व्यवस्थित रखनी चाहिए। अग्निशमन विभाग की सूचना मिलने पर उससे जुड़े निर्देश सभी रहिवासियों तक पहुंचाना उपयोगी होगा। शहर भर में कितनी सोसायटियों को नोटिस मिलेंगे और अभियान का विस्तृत कार्यक्रम क्या होगा, इसकी संख्या या अंतिम तारीख उपलब्ध जानकारी में स्पष्ट नहीं है।




