लखनऊ: उत्तर प्रदेश में रोजगार तलाश रहे लोगों को पंजीकरण, कौशल प्रशिक्षण और उद्योगों से जोड़ने के लिए सरदार वल्लभभाई पटेल कौशल प्रशिक्षण एवं रोजगार क्षेत्र विकास योजना शुरू की गई है। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शनिवार, 31 अक्टूबर को लोकभवन के कार्यक्रम में इसका शुभारंभ किया। सरकार का लक्ष्य इसे चरणों में सभी 75 जिलों तक ले जाना है।

पहले चरण में कौन से जिले?

पहले चरण में गोरखपुर, लखनऊ, कानपुर, झांसी और गौतमबुद्धनगर में केंद्र स्थापित करने की प्रक्रिया शुरू की गई है। मुख्यमंत्री ने बताया कि सभी 18 मंडलीय मुख्यालयों के लिए धन की व्यवस्था की गई है और जमीन उपलब्ध होने पर निर्माण आगे बढ़ेगा। इसके बाद बाकी जिलों में विस्तार का प्रस्ताव है।

इसका मतलब सभी 75 जिलों में केंद्र अभी तैयार और चालू हो जाना नहीं है। कार्यक्रम में घोषित विस्तार और हर जिले में मिलने वाली वास्तविक सुविधा का चरण अलग-अलग होगा। जिलेवार केंद्र, प्रशिक्षण पाठ्यक्रम और प्रवेश की सूचना संबंधित विभाग के आधिकारिक विवरण से स्पष्ट होगी।

रुचि और योग्यता के अनुसार प्रशिक्षण

मुख्यमंत्री के बताए मॉडल में पहले रोजगार चाहने वाले व्यक्ति का पंजीकरण होगा। इसके बाद उसकी पढ़ाई, रुचि और काम की जरूरत के हिसाब से प्रशिक्षण दिया जाएगा। केंद्र फैक्टरियों, संस्थानों और अन्य कार्यस्थलों में प्लेसमेंट से जोड़ने का काम करेंगे। युवा ही नहीं, अधिक उम्र के रोजगार इच्छुक लोग भी इनसे संपर्क कर सकेंगे।

विदेश में काम के लिए भाषा प्रशिक्षण का प्रस्ताव

विदेश में नौकरी चाहने वाले उम्मीदवारों को संबंधित देश की भाषा और वहां जरूरी कौशल सिखाने की बात भी कही गई है। मुख्यमंत्री ने नर्सिंग प्रशिक्षण वाले युवाओं के संदर्भ में जापान और जर्मनी जैसे देशों का उदाहरण दिया। उद्योग की जरूरत के अनुसार प्रशिक्षण के लिए कई संस्थाओं के साथ समझौते किए गए हैं।

टाटा इंडियन इंस्टीट्यूट ऑफ स्किल्स, अशोक लीलैंड और अन्य संस्थाओं की भागीदारी का उल्लेख किया गया है। गौतमबुद्धनगर में यमुना प्राधिकरण और गोरखपुर में औद्योगिक विकास प्राधिकरण इस पहल से जुड़े बताए गए हैं।

आवेदन और रोजगार को लेकर क्या ध्यान रखें?

योजना का उद्देश्य प्रशिक्षण और रोजगार के अवसर जोड़ना है। इसे हर पंजीकृत व्यक्ति को सरकारी नौकरी मिलने की घोषणा न समझें। पाठ्यक्रम, चयन, उपलब्ध सीट, खर्च और प्लेसमेंट की शर्तें आधिकारिक सूचना के अनुसार होंगी। अभी उपलब्ध घोषणा में सभी जिलों के लिए एक जैसी अंतिम आवेदन तारीख नहीं दी गई है।

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